Monday, September 14, 2026
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KSUMC और Seha वर्चुअल हॉस्पिटल ने टेलीसर्जरी कार्यक्रम शुरू किया

KSUMC और Seha वर्चुअल हॉस्पिटल ने टेलीसर्जरी कार्यक्रम शुरू किया

किंग सऊद यूनिवर्सिटी मेडिकल सिटी (KSUMC) ने Seha वर्चुअल हॉस्पिटल के साथ साझेदारी में सऊदी टेलीसर्जरी कार्यक्रम शुरू किया है।

जैसा कि सऊदी समाचार एजेंसी एसपीए ने 11 अगस्त 2026 को बताया, कार्यक्रम के पहले चरण में तीन दिनों के भीतर सात ऑपरेशन किए गए। ये सर्जरी किंग खालिद यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल के ऑपरेशन थिएटर में मरीजों पर की गईं, जबकि यूनिवर्सिटी की सर्जिकल टीम ने उन्हें Seha वर्चुअल हॉस्पिटल के रोबोटिक सर्जरी कार्यालय से दूर बैठकर संचालित किया।

इन ऑपरेशनों में मोटापे की सर्जरी, सामान्य सर्जरी, स्त्री रोग-प्रसूति और थोरैसिक सर्जरी शामिल थीं। पहले दिन विभिन्न विशिष्टताओं में लगातार चार ऑपरेशन किए गए, जिनमें से कुछ जटिल सर्जिकल कठिनाइयाँ थीं।

इस कार्यक्रम का लक्ष्य चिकित्सा, तकनीकी और डिजिटल विशेषज्ञों की भागीदारी के साथ टेलीसर्जरी के लिए एक राष्ट्रीय सऊदी प्रोटोकॉल विकसित करना है। किंग खालिद यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल 2003 से रोबोटिक सर्जरी के विकास और प्रसार में योगदान दे रहा है।

यह कार्यक्रम हज जैसे बड़े आयोजनों, मानवीय स्थितियों और आपातकालीन स्थितियों के दौरान टेलीसर्जरी के उपयोग की संभावनाएं खोलेगा। विज्ञप्ति में उपयोग किए गए विशिष्ट रोबोटिक उपकरणों के नाम नहीं दिए गए हैं।

टेलीसर्जरी कार्यक्रम के पहले चरण में क्या हुआ? पहले चरण के दौरान तीन दिनों में सात ऑपरेशन किए गए। ये सर्जरी किंग खालिद यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल में मरीजों पर की गईं, जबकि सर्जिकल टीम ने Seha वर्चुअल हॉस्पिटल से इन्हें दूर बैठकर संचालित किया।

किन क्षेत्रों में सर्जरी की गई? इन ऑपरेशनों में मोटापे की सर्जरी, सामान्य सर्जरी, स्त्री रोग-प्रसूति और थोरैसिक सर्जरी शामिल थीं। पहले दिन विभिन्न विशिष्टताओं में चार ऑपरेशन किए गए, जिनमें कुछ जटिल मामले भी थे।

इस कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य क्या है? कार्यक्रम का उद्देश्य चिकित्सा, तकनीकी और डिजिटल विशेषज्ञों के साथ मिलकर टेलीसर्जरी के लिए एक राष्ट्रीय सऊदी प्रोटोकॉल तैयार करना है। इससे एक ऐसा राष्ट्रीय मॉडल बनेगा जिसे आगे बढ़ाया जा सके।

किंग खालिद यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल का रोबोटिक सर्जरी में क्या योगदान है? किंग खालिद यूनिवर्सिटी हॉस्पिटल उन पहले अस्पतालों में से एक है जिसने सऊदी अरब में रोबोटिक सर्जरी शुरू की। यह अस्पताल 2003 से इस तकनीक के विकास और प्रसार में योगदान दे रहा है।