Saturday, October 17, 2026
सामाजिक

हदिया चैरिटी ने रमजान की 27वीं रात 316,482 ज़ियारत करने वालों की सेवा की

हदिया चैरिटी ने रमजान की 27वीं रात 316,482 ज़ियारत करने वालों की सेवा की

मक्का और मदीना में रमजान की 27वीं रात को हदिया चैरिटी ने 316,482 लाभार्थियों को सेवाएं दीं। हज और मुतमर गिफ्ट चैरिटेबल एसोसिएशन हदिया ने यह संख्या शुक्रवार 28 मार्च 2025 को जारी की।

जैसा कि सऊदी समाचार एजेंसी एसपीए ने बताया, एसोसिएशन ने यह सेवा मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर अपने संपर्क केंद्रों के जरिए उमरा करने वालों और ज़ियारत करने वालों को सुविधा देने के लिए की।

इस मुबारक रात में एसोसिएशन ने इबादत करने वालों की मदद और सुविधा के लिए कई तरह के कार्यक्रम और सेवाएं दीं। इन सेवाओं में इफ्तार का खाना, ठंडे पानी की बोतलें और जमज़म का पानी बांटना, मेहमाननवाजी और सऊदी कॉफी, इबादत करने वालों की ओर से कफ्फारा करना, आराम के लिए मसाज चेयर उपलब्ध कराना, और मस्जिद-ए-नबवी में एसोसिएशन के सेंटर पर खोए हुए बच्चों की देखभाल शामिल है।

एसोसिएशन ने कहा कि दो पवित्र मस्जिदों की सेवा और उनके ज़ियारत करने वालों की देखभाल उसके लिए सम्मान और जिम्मेदारी है, जिसे उसने अपनी स्थापना से अब तक निभाया है।

हदिया पहली विशेष सऊदी चैरिटी है जो हज करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के लिए समर्पित है। एसोसिएशन ने उन लोगों का स्वागत किया है जो उसके कार्यक्रमों और सेवाओं का समर्थन करना चाहते हैं। इसके लिए उसने अपने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और अपने बैंक खातों का जिक्र किया है।

रमजान की 27वीं रात को मक्का और मदीना में बड़ी संख्या में उमरा करने वाले और इबादत करने वाले पहुंचते हैं। ऐसे में चैरिटी की सेवाएं उनकी सुविधा के लिए अहम होती हैं। हदिया ने अपने संपर्क केंद्रों के जरिए यह सेवा दी।

एसोसिएशन की सेवाओं में इफ्तार का खाना शामिल था। रोजा खोलने के वक्त इबादत करने वालों को खाना मुहैया कराया गया। इसके अलावा ठंडे पानी की बोतलें और जमज़म का पानी बांटा गया। मेहमाननवाजी और सऊदी कॉफी भी पेश की गई।

एसोसिएशन ने इबादत करने वालों की ओर से कफ्फारा भी किया। साथ ही आराम के लिए मसाज चेयर उपलब्ध कराई गईं। मस्जिद-ए-नबवी में एसोसिएशन के सेंटर पर खोए हुए बच्चों की देखभाल की गई।

हदिया ने कहा कि दो पवित्र मस्जिदों की सेवा और उनके ज़ियारत करने वालों की देखभाल उसके लिए सम्मान और जिम्मेदारी है। एसोसिएशन ने कहा कि वह अपनी स्थापना से अब तक यह जिम्मेदारी निभाती आई है।

एसोसिएशन पहली विशेष सऊदी चैरिटी है जो हज करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के लिए समर्पित है। उसने उन लोगों का स्वागत किया है जो उसके कार्यक्रमों और सेवाओं का समर्थन करना चाहते हैं। समर्थन के लिए उसने अपने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और अपने बैंक खातों का जिक्र किया है।

एसपीए ने यह खबर मक्का से 28 मार्च 2025 को जारी की। स्थानीय समय के मुताबिक यह 01:03 बजे और जीएमटी के मुताबिक 22:03 बजे थी।

रमजान की 27वीं रात को लेकर हदिया की सेवाओं का यह आंकड़ा 316,482 लाभार्थियों का है। एसोसिएशन ने इसे अपने चल रहे प्रयासों का हिस्सा बताया। ये प्रयास मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर उसके संपर्क केंद्रों के जरिए जारी हैं।

सेवाओं की सूची में इफ्तार, ठंडा पानी, जमज़म, मेहमाननवाजी, सऊदी कॉफी, कफ्फारा, मसाज चेयर और खोए बच्चों की देखभाल शामिल है। एसोसिएशन ने इन सेवाओं को उमरा करने वालों और इबादत करने वालों की सुविधा के लिए बताया।

हदिया ने अपनी स्थापना से अब तक दो पवित्र मस्जिदों की सेवा और उनके ज़ियारत करने वालों की देखभाल को अपनी जिम्मेदारी बताया है। एसोसिएशन ने कहा कि यह उसके लिए सम्मान की बात है।

एसोसिएशन ने समर्थन करने के इच्छुक लोगों का स्वागत किया है। इसके लिए उसने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और बैंक खातों का जिक्र किया है।

एसपीए की खबर में यह नहीं बताया गया कि 316,482 लाभार्थियों में कितने उमरा करने वाले और कितने इबादत करने वाले थे। यह भी नहीं बताया गया कि किस सेवा का कितना हिस्सा था। खबर में सेवाओं की लागत या खर्च का कोई आंकड़ा नहीं दिया गया।

खबर में यह भी नहीं बताया गया कि मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर कितने संपर्क केंद्र थे। यह भी नहीं बताया गया कि कितने स्वयंसेवकों ने इन सेवाओं में हिस्सा लिया। खबर में सिर्फ लाभार्थियों की कुल संख्या और सेवाओं की सूची दी गई है।

खबर में यह भी नहीं बताया गया कि इफ्तार के कितने पैकेट बांटे गए या पानी की कितनी बोतलें दीं गईं। मसाज चेयर की संख्या या खोए बच्चों की संख्या का भी जिक्र नहीं है। कफ्फारा कितने लोगों की ओर से किया गया, यह भी नहीं बताया गया।

एसोसिएशन ने अपनी स्थापना की तारीख नहीं बताई। यह भी नहीं बताया गया कि वह कब से काम कर रही है। खबर में सिर्फ इतना कहा गया है कि वह अपनी स्थापना से अब तक यह जिम्मेदारी निभाती आई है।

हदिया को पहली विशेष सऊदी चैरिटी बताया गया है जो हज करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के लिए समर्पित है। यह जानकारी एसोसिएशन ने खुद दी है।

एसोसिएशन ने अपने कार्यक्रमों और सेवाओं का समर्थन करने के इच्छुक लोगों का स्वागत किया है। इसके लिए उसने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और बैंक खातों का जिक्र किया है।

रमजान की 27वीं रात को मक्का और मदीना में ज़ियारत करने वालों की संख्या बड़ी होती है। ऐसे में चैरिटी की सेवाएं उनकी सुविधा में मदद करती हैं। हदिया ने अपने संपर्क केंद्रों के जरिए यह सेवा दी।

एसपीए ने खबर में बताया कि यह सेवा मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर दी गई। एसोसिएशन के संपर्क केंद्र इन तीनों जगहों पर हैं।

खबर के मुताबिक सेवाओं में इफ्तार का खाना, ठंडे पानी की बोतलें, जमज़म का पानी, मेहमाननवाजी, सऊदी कॉफी, कफ्फारा, मसाज चेयर और खोए बच्चों की देखभाल शामिल है।

एसोसिएशन ने कहा कि दो पवित्र मस्जिदों की सेवा और उनके ज़ियारत करने वालों की देखभाल उसके लिए सम्मान और जिम्मेदारी है। उसने कहा कि वह इसे अपनी स्थापना से अब तक निभाती आई है।

हदिया ने कहा कि वह पहली विशेष सऊदी चैरिटी है जो हज करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के लिए समर्पित है। उसने समर्थन करने वालों का स्वागत किया है।

समर्थन के लिए एसोसिएशन ने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और अपने बैंक खातों का जिक्र किया है।

एसपीए ने यह खबर 28 मार्च 2025 को मक्का से जारी की। स्थानीय समय 01:03 और जीएमटी 22:03 दर्ज है।

खबर में यह नहीं बताया गया कि 316,482 लाभार्थियों का आंकड़ा किस अवधि का है। यह भी नहीं बताया गया कि यह संख्या कैसे गिनी गई।

खबर में सेवाओं की लागत, स्वयंसेवकों की संख्या, संपर्क केंद्रों की संख्या, इफ्तार पैकेट, पानी की बोतलें, मसाज चेयर या खोए बच्चों की संख्या का कोई जिक्र नहीं है।

एसोसिएशन की स्थापना की तारीख भी खबर में नहीं दी गई है।

हदिया चैरिटी ने रमजान की 27वीं रात कितने लाभार्थियों की सेवा की? हज और मुतमर गिफ्ट चैरिटेबल एसोसिएशन हदिया ने रमजान की 27वीं रात 316,482 लाभार्थियों को सेवाएं दीं। यह सेवा मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर उसके संपर्क केंद्रों के जरिए दी गई। एसोसिएशन ने इसे उमरा करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के अपने चल रहे प्रयासों का हिस्सा बताया।

हदिया ने 27वीं रात कौन-कौन सी सेवाएं दीं? सेवाओं में इफ्तार का खाना, ठंडे पानी की बोतलें और जमज़म का पानी बांटना, मेहमाननवाजी और सऊदी कॉफी, इबादत करने वालों की ओर से कफ्फारा, आराम के लिए मसाज चेयर, और मस्जिद-ए-नबवी में एसोसिएशन के सेंटर पर खोए हुए बच्चों की देखभाल शामिल है। एसोसिएशन ने इन्हें उमरा करने वालों और इबादत करने वालों की सुविधा के लिए बताया।

हदिया की सेवाएं किन जगहों पर दी गईं? एसोसिएशन ने यह सेवा मक्का, मदीना और सीमा चौकियों पर अपने संपर्क केंद्रों के जरिए दी। एसपीए के मुताबिक यह सेवा उमरा करने वालों और ज़ियारत करने वालों को सुविधा देने के लिए थी। खबर में संपर्क केंद्रों की संख्या नहीं बताई गई।

हदिया अपने बारे में क्या कहती है? एसोसिएशन ने कहा कि दो पवित्र मस्जिदों की सेवा और उनके ज़ियारत करने वालों की देखभाल उसके लिए सम्मान और जिम्मेदारी है, जिसे उसने अपनी स्थापना से अब तक निभाया है। हदिया पहली विशेष सऊदी चैरिटी है जो हज करने वालों और ज़ियारत करने वालों की सेवा के लिए समर्पित है।

हदिया के कार्यक्रमों का समर्थन कैसे किया जा सकता है? एसोसिएशन ने उन लोगों का स्वागत किया है जो उसके कार्यक्रमों और सेवाओं का समर्थन करना चाहते हैं। इसके लिए उसने अपने ऑनलाइन स्टोर HGC.org.sa और अपने बैंक खातों का जिक्र किया है। खबर में बैंक खातों की संख्या या अन्य विवरण नहीं दिए गए हैं।

एसपीए की खबर में क्या नहीं बताया गया? खबर में यह नहीं बताया गया कि 316,482 लाभार्थियों में कितने उमरा करने वाले और कितने इबादत करने वाले थे। सेवाओं की लागत, स्वयंसेवकों की संख्या, संपर्क केंद्रों की संख्या, इफ्तार पैकेट, पानी की बोतलें, मसाज चेयर या खोए बच्चों की संख्या का भी जिक्र नहीं है। एसोसिएशन की स्थापना की तारीख भी नहीं दी गई।