12 से 14 अक्टूबर तक आयोजित होने वाले रियाद इकोनॉमिक फोरम के 12वें सत्र में जल और खाद्य सुरक्षा प्राप्त करने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और अन्य उन्नत स्मार्ट कृषि प्रौद्योगिकियों के उपयोग पर एक अध्ययन पर चर्चा की जाएगी।
जैसा कि सऊदी समाचार एजेंसी एसपीए ने 16 सितंबर 2026 को बताया, यह अध्ययन सऊदी विजन 2030 के उद्देश्यों के समर्थन में प्राकृतिक संसाधन क्षेत्र के विकास में फोरम की भूमिका का हिस्सा है।
अध्ययन का उद्देश्य कृषि और पशुधन उत्पादन में आधुनिक तकनीकों का उपयोग करना और राष्ट्रीय आवश्यकताओं के आधार पर डिजिटल परिवर्तन की प्राथमिकताओं को पहचानना है। यह सऊदी अरब की डिजिटल तैयारी और बुनियादी ढांचे का आकलन करने के साथ-साथ इन तकनीकों को अपनाने में आने वाली तकनीकी, नियामक, वित्तीय और मानवीय चुनौतियों की पहचान करने का प्रयास करता है।
अध्ययन के अनुसार, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, सैटेलाइट और UAV-आधारित रिमोट सेंसिंग, ऑटोमेशन और रोबोटिक्स जैसी तकनीकें प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन में सुधार और उत्पादन दक्षता बढ़ा सकती हैं।
रिपोर्ट के मुताबिक, स्मार्ट कृषि प्रौद्योगिकियों को अपनाने से पानी की खपत में 50% तक की कमी, उत्पादकता में लगभग 30% की वृद्धि, खाद्य गुणवत्ता और सुरक्षा में 40% का सुधार और कचरे व लागत में करीब 20% की कमी आ सकती है। विज्ञप्ति में अध्ययन के लेखकों या विशिष्ट कार्यान्वयन एजेंसी का उल्लेख नहीं है।
रियाद इकोनॉमिक फोरम का 12वां सत्र कब होगा? रियाद इकोनॉमिक फोरम का 12वां सत्र 12 से 14 अक्टूबर तक निर्धारित है। इस सत्र में जल और खाद्य सुरक्षा प्राप्त करने के लिए आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और उन्नत स्मार्ट कृषि प्रौद्योगिकियों के उपयोग पर एक अध्ययन पर चर्चा की जाएगी।
स्मार्ट कृषि से क्या लाभ हो सकते हैं? अध्ययन के अनुसार, स्मार्ट कृषि से पानी की खपत में 50% तक की कमी और उत्पादकता में लगभग 30% की वृद्धि हो सकती है। इसके अलावा, खाद्य गुणवत्ता और सुरक्षा में 40% का सुधार और लागत व कचरे में करीब 20% की कमी आने की संभावना है।
अध्ययन में किन तकनीकों का उल्लेख किया गया है? अध्ययन में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, इंटरनेट ऑफ थिंग्स, सैटेलाइट और UAV-आधारित रिमोट सेंसिंग, ऑटोमेशन और रोबोटिक्स जैसी तकनीकों का उल्लेख है। ये तकनीकें प्राकृतिक संसाधन प्रबंधन और उत्पादन दक्षता को बेहतर बनाने में मदद कर सकती हैं।
इस अध्ययन का मुख्य उद्देश्य क्या है? इसका उद्देश्य कृषि और पशुधन उत्पादन में आधुनिक तकनीकों का उपयोग करना और डिजिटल परिवर्तन की प्राथमिकताओं को पहचानना है। यह सऊदी विजन 2030 के लक्ष्यों के समर्थन में डिजिटल तैयारी और बुनियादी ढांचे का आकलन करने का प्रयास करता है।