न्यूयॉर्क में 26 सितंबर 2026 को संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के इतर संयुक्त राष्ट्र गठबंधन ऑफ सिविलाइजेशन्स (UNAOC) की मित्र देशों की उच्च स्तरीय बैठक में सऊदी अरब के राज्य मंत्री, कैबिनेट सदस्य और जलवायु दूत एडेल अल-जुबैर ने साम्राज्य का संबोधन प्रस्तुत किया। यह बैठक न्यूयॉर्क में आयोजित हुई और इसका संबंध महासभा के 81वें सत्र से जुड़ा हुआ था।
जैसा कि सऊदी समाचार एजेंसी एसपीए ने बताया, अल-जुबैर ने अपने संबोधन में विविध आस्थाओं और सभ्यताओं के बीच संवाद और सहअस्तित्व को बढ़ावा देने के प्रति साम्राज्य की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया। उन्होंने आपसी समझ को आगे बढ़ाने, घृणा भाषण का मुकाबला करने तथा धार्मिक स्थलों और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में गठबंधन की भूमिका की सराहना की।
अल-जुबैर ने इन प्रयासों के लिए साम्राज्य के समर्थन की रूपरेखा प्रस्तुत की, जो इस विश्वास पर आधारित है कि संवाद, सहअस्तित्व, धर्मों के प्रति सम्मान और सांस्कृतिक विविधता सुरक्षा और स्थिरता को बनाए रखने के लिए आवश्यक हैं।
उन्होंने उल्लेख किया कि दिसंबर 2025 में रियाद में साम्राज्य की मेजबानी में आयोजित 11वें UNAOC ग्लोबल फोरम ने व्यापक अंतरराष्ट्रीय भागीदारी के साथ गठबंधन की स्थापना के दो दशक बाद उसकी उपलब्धियों के आकलन के लिए एक महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया।
अल-जुबैर ने फोरम की अंतिम घोषणा पर अनुवर्ती कार्रवाई के महत्व पर जोर दिया और बहुपक्षीय कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय कानून तथा विविध आस्थाओं और संस्कृतियों के बीच निरंतर संवाद के प्रति साझा प्रतिबद्धताओं को नवीनीकृत करने की बात कही।
उन्होंने इस बात पर बल दिया कि विविधता की रक्षा, संघर्ष की रोकथाम, सहिष्णुता को बढ़ावा देने, सामंजस्यपूर्ण समाजों के निर्माण और शांति को आगे बढ़ाने के लिए संवाद सबसे प्रभावी साधन बना हुआ है।
अपने संबोधन के समापन पर अल-जुबैर ने गठबंधन के रचनात्मक प्रयासों को आगे बढ़ाने के प्रति साम्राज्य की प्रतिबद्धता दोहराई और शांति, सहिष्णुता, सहअस्तित्व तथा आपसी सम्मान की संस्कृति को बढ़ावा देने के लिए सदस्य देशों और संबंधित भागीदारों के साथ निरंतर सहयोग का संकल्प व्यक्त किया।
एसपीए के अनुसार यह संबोधन न्यूयॉर्क में महासभा के 81वें सत्र के इतर आयोजित बैठक में दिया गया। बैठक का समय स्थानीय समयानुसार 08:55 बजे और जीएमटी के अनुसार 05:55 बजे दर्ज किया गया।
यह संबोधन ऐसे समय में आया है जब संयुक्त राष्ट्र महासभा का 81वां सत्र न्यूयॉर्क में चल रहा है और विभिन्न देशों के प्रतिनिधि वैश्विक मुद्दों पर चर्चा कर रहे हैं। UNAOC की मित्र देशों की बैठक इसी व्यापक आयोजन का हिस्सा थी, जिसमें साम्राज्य ने अपनी स्थिति स्पष्ट की।
अल-जुबैर का संबोधन साम्राज्य की उस स्थिति को दोहराता है जिसमें संवाद और सहअस्तित्व को सुरक्षा और स्थिरता से जोड़ा गया है। उन्होंने धर्मों के प्रति सम्मान और सांस्कृतिक विविधता को इन प्रयासों का आधार बताया।
रियाद में दिसंबर 2025 में आयोजित 11वें UNAOC ग्लोबल फोरम का उल्लेख संबोधन का एक प्रमुख हिस्सा था। अल-जुबैर ने कहा कि इस फोरम ने गठबंधन की स्थापना के दो दशक बाद उसकी उपलब्धियों के आकलन का अवसर दिया और इसमें व्यापक अंतरराष्ट्रीय भागीदारी रही।
उन्होंने फोरम की अंतिम घोषणा पर अनुवर्ती कार्रवाई की आवश्यकता पर जोर दिया। इसके साथ ही उन्होंने बहुपक्षीय कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय कानून और विविध आस्थाओं तथा संस्कृतियों के बीच निरंतर संवाद के प्रति साझा प्रतिबद्धताओं को नवीनीकृत करने की बात कही।
संवाद को उन्होंने विविधता की रक्षा, संघर्ष की रोकथाम, सहिष्णुता को बढ़ावा देने, सामंजस्यपूर्ण समाजों के निर्माण और शांति को आगे बढ़ाने का सबसे प्रभावी साधन बताया। यह उनके संबोधन का केंद्रीय विचार था।
अल-जुबैर ने गठबंधन के प्रयासों को आगे बढ़ाने के प्रति साम्राज्य की प्रतिबद्धता दोहराई और सदस्य देशों तथा संबंधित भागीदारों के साथ सहयोग जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने शांति, सहिष्णुता, सहअस्तित्व और आपसी सम्मान की संस्कृति को बढ़ावा देने की बात कही।
एसपीए की रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि संबोधन न्यूयॉर्क में हुआ और इसका समय 08:55 स्थानीय समय तथा 05:55 जीएमटी दर्ज है। रिपोर्ट में संबोधन की अवधि, उपस्थित प्रतिनिधियों की संख्या या बैठक में लिए गए किसी अन्य निर्णय का उल्लेख नहीं है।
यह बैठक संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के इतर आयोजित की गई थी, जो न्यूयॉर्क में चल रहा है। साम्राज्य की ओर से यह संबोधन राज्य मंत्री, कैबिनेट सदस्य और जलवायु दूत एडेल अल-जुबैर ने दिया।
एसपीए की रिपोर्ट के अनुसार अल-जुबैर ने गठबंधन की भूमिका की सराहना की, विशेष रूप से आपसी समझ को आगे बढ़ाने, घृणा भाषण का मुकाबला करने और धार्मिक स्थलों तथा सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में। ये बिंदु उनके संबोधन का हिस्सा थे।
रिपोर्ट में यह भी कहा गया कि साम्राज्य का समर्थन इस विश्वास पर आधारित है कि संवाद, सहअस्तित्व, धर्मों के प्रति सम्मान और सांस्कृतिक विविधता सुरक्षा और स्थिरता के लिए आवश्यक हैं। अल-जुबैर ने इस विश्वास को अपने संबोधन में दोहराया।
11वें UNAOC ग्लोबल फोरम का आयोजन दिसंबर 2025 में रियाद में हुआ था और इसमें व्यापक अंतरराष्ट्रीय भागीदारी रही। अल-जुबैर ने इसे गठबंधन की उपलब्धियों के आकलन का महत्वपूर्ण मंच बताया।
उन्होंने फोरम की अंतिम घोषणा पर अनुवर्ती कार्रवाई पर जोर दिया और बहुपक्षीय कार्रवाई, अंतरराष्ट्रीय कानून तथा निरंतर संवाद के प्रति साझा प्रतिबद्धताओं को नवीनीकृत करने की बात कही।
संबोधन के अंत में अल-जुबैर ने साम्राज्य की प्रतिबद्धता दोहराई और सदस्य देशों तथा संबंधित भागीदारों के साथ सहयोग जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने शांति, सहिष्णुता, सहअस्तित्व और आपसी सम्मान की संस्कृति को बढ़ावा देने की बात कही।
एसपीए की रिपोर्ट में संबोधन के दौरान उठाए गए विषयों का विवरण दिया गया है, लेकिन इसमें बैठक में शामिल अन्य वक्ताओं के नाम, उनके बयानों का ब्योरा या बैठक के किसी विशिष्ट परिणाम का उल्लेख नहीं है। रिपोर्ट में संवाद से जुड़े किसी नए समझौते या घोषणा का भी जिक्र नहीं है।
यह संबोधन संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के इतर हुई एक उच्च स्तरीय बैठक में दिया गया, जिसमें साम्राज्य ने अपनी स्थिति स्पष्ट की। बैठक का आयोजन न्यूयॉर्क में हुआ और इसका समय स्थानीय समयानुसार 08:55 बजे तथा जीएमटी के अनुसार 05:55 बजे दर्ज किया गया।
एसपीए की रिपोर्ट के अनुसार अल-जुबैर ने अपने संबोधन में विविध आस्थाओं और सभ्यताओं के बीच संवाद तथा सहअस्तित्व को बढ़ावा देने के प्रति साम्राज्य की प्रतिबद्धता को रेखांकित किया। उन्होंने गठबंधन की भूमिका की सराहना की और साम्राज्य के समर्थन की रूपरेखा प्रस्तुत की।
रिपोर्ट में यह भी बताया गया कि अल-जुबैर ने 11वें UNAOC ग्लोबल फोरम का उल्लेख किया, जो दिसंबर 2025 में रियाद में आयोजित हुआ था। उन्होंने फोरम की अंतिम घोषणा पर अनुवर्ती कार्रवाई के महत्व पर जोर दिया।
संवाद को उन्होंने विविधता की रक्षा, संघर्ष की रोकथाम, सहिष्णुता को बढ़ावा देने, सामंजस्यपूर्ण समाजों के निर्माण और शांति को आगे बढ़ाने का सबसे प्रभावी साधन बताया। संबोधन के अंत में उन्होंने सहयोग जारी रखने का संकल्प व्यक्त किया।
एसपीए की रिपोर्ट में संबोधन के समय और स्थान का उल्लेख है, लेकिन इसमें बैठक में शामिल प्रतिनिधियों की संख्या, संबोधन की अवधि या बैठक के दौरान लिए गए किसी अन्य निर्णय का ब्योरा नहीं दिया गया है। रिपोर्ट में किसी नए समझौते या घोषणा का भी उल्लेख नहीं है।
संबोधन कहाँ और कब दिया गया? एसपीए के अनुसार संबोधन न्यूयॉर्क में 26 सितंबर 2026 को संयुक्त राष्ट्र महासभा के 81वें सत्र के इतर UNAOC की मित्र देशों की उच्च स्तरीय बैठक में दिया गया। रिपोर्ट में समय स्थानीय समयानुसार 08:55 बजे और जीएमटी के अनुसार 05:55 बजे दर्ज है।
संबोधन किसने दिया? एसपीए के अनुसार सऊदी अरब के राज्य मंत्री, कैबिनेट सदस्य और जलवायु दूत एडेल अल-जुबैर ने साम्राज्य का संबोधन प्रस्तुत किया। रिपोर्ट में उनके पद और नाम का उल्लेख है तथा यह भी बताया गया है कि संबोधन महासभा के 81वें सत्र के इतर हुई बैठक में दिया गया।
अल-जुबैर ने गठबंधन की किन भूमिकाओं की सराहना की? एसपीए के अनुसार अल-जुबैर ने आपसी समझ को आगे बढ़ाने, घृणा भाषण का मुकाबला करने तथा धार्मिक स्थलों और सांस्कृतिक विरासत के संरक्षण में गठबंधन की भूमिका की सराहना की। उन्होंने इन प्रयासों के लिए साम्राज्य के समर्थन की रूपरेखा भी प्रस्तुत की।
11वें UNAOC ग्लोबल फोरम का क्या उल्लेख हुआ? एसपीए के अनुसार अल-जुबैर ने कहा कि दिसंबर 2025 में रियाद में साम्राज्य की मेजबानी में आयोजित 11वें UNAOC ग्लोबल फोरम ने व्यापक अंतरराष्ट्रीय भागीदारी के साथ गठबंधन की स्थापना के दो दशक बाद उसकी उपलब्धियों के आकलन का महत्वपूर्ण मंच प्रदान किया।
अल-जुबैर ने संवाद के बारे में क्या कहा? एसपीए के अनुसार अल-जुबैर ने कहा कि संवाद विविधता की रक्षा, संघर्ष की रोकथाम, सहिष्णुता को बढ़ावा देने, सामंजस्यपूर्ण समाजों के निर्माण और शांति को आगे बढ़ाने का सबसे प्रभावी साधन बना हुआ है। उन्होंने धर्मों के प्रति सम्मान और सांस्कृतिक विविधता को आवश्यक बताया।
संबोधन के अंत में क्या संकल्प व्यक्त हुआ? एसपीए के अनुसार अल-जुबैर ने संबोधन के समापन पर गठबंधन के रचनात्मक प्रयासों को आगे बढ़ाने के प्रति साम्राज्य की प्रतिबद्धता दोहराई और सदस्य देशों तथा संबंधित भागीदारों के साथ निरंतर सहयोग का संकल्प व्यक्त किया। उन्होंने शांति, सहिष्णुता, सहअस्तित्व और आपसी सम्मान की संस्कृति को बढ़ावा देने की बात कही।





